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विनय एक्सप्रेस समाचार, पाली। जिला कलक्टर श्री नमित मेहता ने बुधवार को मंडिया रोड औद्योगिक क्षेत्र में स्थित सीईटीपी प्लांट यूनिट संख्या 4 एवं 6 का अवलोकन किया।
जिला कलेक्टर ने सीईटीपी यूनिट संख्या 4 के अपग्रेडेशन के कार्य का अवलोकन किया जहां उन्होंने कार्य की प्रगति की जानकारी ली। सीईटीपी के अधिकारियों वह कंपनी के प्रतिनिधियों ने जिला कलक्टर को अवगत करवाया कि यह प्लांट टरसरी लेवल तक सितंबर माह में तैयार हो जाएगा।
श्री मेहता ने सीईटीपी यूनिट संख्या-6 का भी अवलोकन किया जहां उन्होंने टरसरी ट्रीटमेंट के पश्चात होने वाले अल्ट्राफिल्ट्रेशन,आरो एवं एमई के संदर्भ में अधिकारियों से जानकारी ली एवं मौके पर टरसरी ट्रीटेड पानी नोमर्स पर ट्रीट कर अल्ट्राफिल्ट्रेशन एवं आरो पर 200 टीडीएस का पानी देखा जिसे मौके पर पीने योग्य पाया गया एवं शेष पानी को उद्योग इकाइयों द्वारा पुनः उपयोग लिया जा सकेगा।
अधिकारियों ने जिला कलक्टर को जानकारी देते हुए बताया कि आगामी दो से 3 दिन पश्चात 3 एमएलडी पानी उद्योग इकाइयों को देना प्रारंभ किया जाएगा।
जिला कलक्टर ने प्लांट के अवलोकन के पश्चात कहा कि किसानों ,उद्यमियों एवं शहर के सभी वर्गों के लिए यह प्लांट फायदेमंद रहेगा। उन्होंने प्रदूषण निवारण की समस्या का स्थाई समाधान करने के प्रयास पर सीईटीपी अधिकारियों की सराहना की।
श्री मेहता ने निर्देश दिए कि यूनिट से सभी औद्योगिक इकाइयों को जोड़ा जाए साथ ही जिन औद्योगिक इकाइयों द्वारा नियमों की अवहेलना की जा रही है उन पर सख्त कार्रवाई की जाए।
सीईटीपी के अध्यक्ष श्री अनिल गुलेच्छा ने बताया कि यूनिट संख्या 6 में 12 एमएलडी जीरो लिक्विड डिस्चार्ज पर अपग्रेडेशन का कार्य सूरत की मैसर्स सौराष्ट्र एनवारो प्रोजेक्ट लिमिटेड द्वारा किया गया है।
इंडस्ट्री एसोसिएशन के पदाधिकारियो व उद्यमीगणों के साथ की बैठक
अवलोकन के पश्चात जिला कलक्टर ने जिले के इंडस्ट्री एसोसिएशन के पदाधिकारियो व उद्यमीगणों के साथ बैठक की जहां उन्होंने इंडस्ट्री से जुड़ी समस्याओं की जानकारी ली व उद्योगों से जुड़े प्रत्येक समस्याओं को जल्द दूर किया जाएगा।
उन्होंने इंडस्ट्री एसोसिएशन के पदाधिकारियों व उद्यमी गणों को स्वयं की औद्योगिक इकाइयों को सीईटीपी यूनिट से जोड़े जाने की अपील की।
अवलोकन के दौरान पाली उपखंड अधिकारी श्री ललित गोयल, प्रदूषण नियंत्रण मंडल के क्षेत्रीय अधिकारी श्री राहुल शर्मा, सचिव श्री अरुण जैन सहित इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के पदाधिकारीगण व उद्यमीगण मौजूद रहे।

जिला कलक्टर ने सोफिया सीनियर सैकण्डरी स्कूल और सिंथेसिस में टीकाकरण का जायजा लिया। इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बी.एल. मीणा, नीलम प्रताप सिंह और डॉ. निधि पूनिया सहित दोनों संस्थानों के प्रतिनिधि भी साथ रहे। जिला कलक्टर ने इन संस्थाओं की विद्यार्थी संख्या और अब तक किए जा चुके वैक्सीनेशन के बारे में जाना। इस दौरान उन्होंने संस्थाओं में कोविड प्रोटोकॉल की पालना सुनिश्चित करवाने को कहा। उल्लेखनीय है जिले में 15 से 17 आयु वर्ग के 1 लाख 54 हजार 956 किशोरों के टीकाकरण का लक्ष्य है। अब तक इनमें से लगभग 47 हजार 878 किशोरों का टीकाकरण किया जा चुका है। वहीं प्रतिदिन बड़ी संख्या में टीकाकरण हो रहा है।
]]>इस दौरान पुलिस अधीक्षक योगेश यादव, अतिरिक्त जिला कलक्टर (शहर) अरुण प्रकाश शर्मा, उपखंड अधिकारी अशोक कुमार बिश्नोई, सीओ सिटी सुभाष शर्मा, सीओ ट्रैफिक दीपचंद साथ मौजूद रहे।

जिला कलक्टर ने शार्दूल सिंह सर्किल से केईएम रोड, कोटगेट, साखंला फाटक, रेलवे स्टेशन रोड तक पैदल चलकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। वहीं यहां से गोगागेट, गंगाशहर, भीनासर, नोखा रोड, रानी बाजार, अम्बेडकर सर्किल, तुलसी सर्किल क्षेत्र में भी व्यवस्थाएं देखी।

इस अवसर पर जिला कलक्टर ने कहा कि दीपावली के दौरान मुख्य मार्गों पर आमजन को किसी प्रकार की समस्या ना हो, इसके मद्देनजर सुरक्षा इंतज़ामों का पैदल जायजा लिया। वहीं वैकल्पिक मार्गों पर भी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं, जिससे यातायात व्यवस्था सुगम बनी रहे।

पुलिस अधीक्षक ने कहा कि दीपावली के दौरान ट्रैफिक व्यवस्था संधारण के लिए पर्याप्त पुलिस जाब्ता तैनात किया गया है। आमजन खासकर महिलाओं की सुरक्षा को लेकर विशेष मुस्तैदी रखी जाएगी।




जिला कलक्टर नमित मेहता ने बुधवार को इन दलों के प्रभारी तथा राजस्थान प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने बताया कि अतिरिक्त जिला कलक्टर (नगर) अरुण प्रकाश शर्मा इन सतर्कता दलों के प्रभारी और रीट परीक्षा के नोडल अधिकारी होंगे। मेहता ने कहा कि 26 सितम्बर को होने वाली रीट परीक्षा के सफल आयोजन के लिए इससे जुड़े सभी कार्मिकों को गंभीरतापूर्वक कार्य करना होगा तथा प्रत्येक व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना होगा। उन्होंने कहा कि सतर्कता दल के सभी अधिकारी अपने-अपने परीक्षा केन्द्रों का संयुक्त निरीक्षण कर लें तथा समय रहते सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर लें।

मेहता ने बताया कि परीक्षा के लिए जिले में 98 केन्द्र निर्धारित किए गए हैं। इनमें 34 सरकारी तथा 64 निजी परीक्षा केन्द्र हैं। बीकानेर तहसील में 78, श्रीडूंगरगढ़ में 6, नोखा में 4 तथा लूणकरणसर में 10 केन्द्र निर्धारित किए गए हैं। उन्होंने बताया कि जिले में बाहरी क्षेत्रों से आने वाले परीक्षार्थियों के अस्थाई आवास, भोजन, पानी, बाहर से आने वाले वाहनों की पार्किंग, परीक्षा उपरांत निकासी, केन्द्रों तक पहुंचने के लिए आॅटो रिक्शा सहित सभी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है।

जिला कलक्टर ने बताया कि परीक्षा के सफल संचालन के लिए जिला प्रशासन, पुलिस, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, परिवहन और शिक्षा विभाग द्वारा नियंत्रण कक्ष स्थापित किए जाएंगे। प्रत्येक परीक्षा केन्द्र पर इन नियंत्रण कक्षों के दूरभाष नंबरों के साथ बसें रुकने के स्थान, नजदीकी आॅटो स्टेंड एवं इसके किराए सहित विभिन्न प्रकार की सूचना से संबंधित फ्लेक्स लगाए जाएंगे।


परीक्षा समन्वयक डाॅ. बिट्ठल बिस्सा ने बताया कि रीट की परीक्षा दो पारियों में आयोजित होगी। लेवल द्वितीय के लिए प्रातः 10 से दोपहर 12.30 बजे तक पहली पारी तथा लेवल प्रथम के लिए दोपहर 2.30 बजे से सायं 5 बजे तक परीक्षा होगी। जिले में प्रत्येक पारी के लिए 29 हजार 716 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। उन्होंने बताया कि किसी भी परीक्षार्थी को प्रथम पारी में प्रातः 9.30 बजे तथा द्वितीय पारी में दोपहर 2 बजे के बाद प्रवेश नहीं दिया जाएगा। जिले में परीक्षा के लिए कुल 1 हजार 254 कक्षों का चिन्हीकरण किया गया है। प्रत्येक कक्ष में दो वीक्षक नियुक्त किए जाएंगे।


बैठक के उपरांत अतिरिक्त जिला कलक्टर (नगर) अरुण प्रकाश शर्मा के नेतृत्व में अधिकारियों ने क्लस्टर आधार पर बसों को रोकने के प्रस्तावित स्थलों का निरीक्षण किया। इस दौरान नगर विकास न्यास सचिव नरेन्द्र सिंह पुरोहित, नगर निगम आयुक्त पंकज शर्मा, प्रादेशिक परिवहन अधिकारी ज्ञानदेव विश्वकर्मा, जिला परिवहन अधिकारी जुगल माथुर, रोडवेज प्रबंधक इंदिरा गोदारा तथा परीक्षा समन्वयक डाॅ. बिट्ठल बिस्सा साथ रहे। इन अधिकारियों द्वारा केन्द्रीय विद्यालय नंबर 1, पाॅलिटेक्निक काॅलेज, गंगाशहर बस स्टेंड, एमएम ग्राउंड, वेटरनरी काॅलेज आदि स्थानों का अवलोकन किया। इन स्थानों पर बसों के ठहराव, यहां से परीक्षा केन्द्रों तक आॅटो रिक्शा से पहुंच, अस्थाई रैनबसेरों तथा भोजन सहित सभी व्यवस्थाओं की संभावनाओं की समीक्षा की गई।

रीट परीक्षा के दौरान परीक्षार्थियों के लिए महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए हैं। इसके अनुसार परीक्षार्थी, परीक्षा कक्ष में प्रवेश पत्र, काला अथवा नीला बाॅल पेन, मान्य फोटोयुक्त पहचान पत्र एवं इसकी स्वप्रमाणित फोटो प्रति के अलावा कुछ भी नहीं ले जा सकेगा। मोबाइल, ब्लूटूथ या कोई भी इलेक्ट्राॅनिक उपकरण पूर्णतया निषेध रहेगा। परीक्षार्थी परीक्षा कक्ष में घड़ी, चैन, अंगूठी, कान के टाॅप्स, अन्य आभूषण आदि पहनकर नहीं आ सकेंगे तथा पर्स, हैंडबैग अथवा डायरी साथ नहीं ला सकेंगे। इनके अलावा किसी भी प्रकार के मादक पदार्थ भी प्रतिबंधित रहेंगे। इनमें से किसी प्रकार की सामग्री परीक्षार्थी के पास पाया जाना राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम 1992 के तहत दण्डनीय अपराध होगा।





परीक्षा की पूर्व तैयारियों के संबंध में सोमवार को जिला कलक्टर नमित मेहता की अध्यक्षता में कलक्ट्रेट सभागार में बैठक आयोजित हुई। इस दौरान मेहता ने कहा कि परीक्षा के दौरान सभी व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रहें तथा किसी भी परीक्षार्थी को बेवजह परेशानी नहीं हो। परीक्षा का आयोजन पूर्ण पारदर्शिता और नियमों के अनुरूप हो, इसके मद्देनजर इससे जुड़े प्रत्येक अधिकारी-कर्मचारी गंभीरता से कार्य करें। उन्होंने कहा कि बाहर से आने वाले परीक्षार्थियों एवं उनके परिजनों के लिए आवागमन, ठहराव, भोजन, पेयजल तथा शौचालय सहित प्रत्येक व्यवस्था का ध्यान रखा जाए।

जिला कलक्टर ने कहा कि परिवहन विभाग द्वारा बसों के ठहराव केन्द्रों तथा नगर निगम द्वारा धर्मशालाओं और रैनबसेरों का चिन्हीकरण किया जाए। इन आश्रय स्थलों पर इंदिरा रसोई के काउंटर लगाए जाएं। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रत्येक परीक्षा केन्द्र, बस स्टेंड सहित प्रमुख स्थानों पर सीएचए नियुक्त किए जाएं। मोबाइल मेडिकल टीमें तथा एम्बूलेंस की व्यवस्था हो। बस स्टेंड पर प्रोपर पब्लिक एड्रेस सिस्टम लगाए जाएं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन, पुलिस, शिक्षा विभाग, परिवहन तथा नगर निगम के नियंत्रण कक्ष स्थापित किए जाएं। इनमें राउंड द क्लाॅक आधार पर कार्मिक नियुक्त किए जाएं। सभी नियंत्रण कक्ष आपस में भी समन्वय रखें।

मेहता ने केन्द्र पर्यवेक्षक, वीक्षक एवं अन्य कार्मिकों की नियुक्ति, परीक्षा सामग्री एवं प्रश्न पत्रों की सुरक्षा सहित विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि परीक्षा के दौरान अवांछित गतिविधि किसी भी स्तर पर नहीं हो, इसके मद्देनजर पूर्ण सतर्कता रखी जाए। परीक्षा केन्द्रों में प्रवेश के समय परीक्षार्थियों के संबंध में रखी जाने वाली सावधानियों का ध्यान रखा जाए।

पुलिस अधीक्षक प्रीति चंद्रा ने कहा कि परीक्षा केन्द्रों की थानावार सूची उपलब्ध करवाई जाए, जिससे पुलिस से संबंधित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा सकें। उन्होंने कहा कि परीक्षा केन्द्रों पर नियुक्त प्रत्येक कार्मिक को परीक्षा से संबंधित आवश्यक नियमों की जानकारी हो, यह सुनिश्चित किया जाए।
जिला शिक्षा अधिकारी सुरेन्द्र सिंह ने बताया कि निर्धारित परीक्षा केन्द्रों में 64 निजी तथा 34 सरकारी भवन हैं। प्रत्येक परीक्षा केन्द्र के लिए प्रत्येक पारी के लिए आॅब्जर्वर तथा फील्ड सुपरवाइजर की नियुक्ति की गई है। प्रत्येक कक्ष के लिए दो-दो वीक्षक लगाए जाएंगे। परीक्षा के जिला समन्वयक डाॅ. बिट्ठल बिस्सा ने परीक्षा के लिए निर्धारित अन्य नियमों की जानकारी दी।

इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर (नगर) अरुण प्रकाश शर्मा, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ओमप्रकाश, नगर विकास न्यास सचिव नरेन्द्र पुरोहित, नगर निगम आयुक्त पंकज शर्मा, प्रादेशिक परिवहन अधिकारी ज्ञानदेव विश्वकर्मा, मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी डाॅ. राजकुमार शर्मा, भूप सिंह तिवाड़ी आदि मौजूद रहे।




विनय एक्सप्रेस समाचार, बीकानेर। जिला कलेक्टर नमित मेहता ने शनिवार को प्रादेशिक परिवहन कार्यालय और रोडवेज बस स्टैंड का औचक निरीक्षण किया। रोडवेज कार्यालय परिसर में साफ-सफाई की बदहाल स्थिति देखकर जिला कलेक्टर ने नाराजगी जताई तथा आगामी तीन दिनों में स्वच्छता की संपूर्ण व्यवस्था चाक-चौबंद करने के निर्देश दिए। जिला कलेक्टर ने प्रतीक्षा हॉल सहित विभिन्न कक्षों और बरामदे का अवलोकन भी किया तथा यहां भी सफाई की व्यवस्था माकूल नहीं दिखी। उन्होंने कहा कि तीन दिनों बाद इसका पुनः निरीक्षण करवाया जाएगा तथा यदि व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ, तो सम्बन्धित अधिकारी की जिम्मदारी तय की जाएगी। जिला कलक्टर ने यहां से प्रतिदिन जाने वाली बसों, विभिन्न डीपो से आने वाली बसों, उनके रुट तथा यात्री भार के बारे में जानकारी ली। साथ ही कहा कि बसों के संचालन के दौरान कोविड प्रोटोकॉल की पालना की जाए। बसों के रूट, समय और किराए से सम्बंधित सूचना पट्ट नियमित अपडेट करने के निर्देश दिए। इस दौरान मुख्य प्रबंधक इंदिरा गोदारा मौजूद रही।

जिला कलेक्टर ने प्रादेशिक परिवहन कार्यालय में ऑटोमेटेड ड्राइविंग ट्रेक का अवलोकन किया। निकट भविष्य में परमानेंट लाइसेंस अप्लाई करने वालों की ट्रायल इसी ट्रैक पर होगी। मेहता ने टच स्क्रीन कियोस्क पर लर्निंग लाइसेंस के लिए दिए जाने वाले टेस्ट सहित लाइसेंस प्राप्त करने की पूरी प्रक्रिया के बारे में जानकारी ली। उन्होंने फोटो एवं परीक्षा कक्ष, सर्वर रूम तथा परीक्षण कक्ष सहित विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण किया। प्रादेशिक परिवहन कार्यालय में प्रतिदिन बनने वाले लाइसेंस की जानकारी भी ली। जिला परिवहन अधिकारी जुगल किशोर माथुर ने बताया कि ऑटोमेटेड ड्राइविंग ट्रेक के माध्यम से ट्रायल कार्य अगले महीने शुरू होगा। उन्होंने कार्यालय की विभिन्न गतिविधियों के बारे में बताया। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलेक्टर (नगर) अरुण प्रकाश शर्मा तथा परिवहन निरीक्षक जयनारायण पूनिया भी मौजूद रहे।

विनय एक्सप्रेस शैक्षणिक समाचार, बीकानेर। सात राज बटालियन के लगभग चार सौ कैडेट्स को जिला प्रशासन की ओर से ‘कोरोना वारियर्स’ के रूप में मनोनीत किया गया है। यह कैडेट्स शहर भर में आमजन को ‘कोविड एप्रोप्रियेट बिहेवियर’ के लिए प्रेरित करेंगे। जिला कलेक्टर नमित मेहता ने मंगलवार को इन कैडेट्स को कैप पहनाई तथा बैज लगाया तथा कहा कि सभी कैडेट्स पूर्व की भांति जीवन रक्षा के पुनीत उद्देश्य के साथ आमजन के बीच जाएं और उन्हें मास्क लगाने, सोशल डिस्टेंसिंग रखने तथा कोरोना से बचाव के प्रति प्रेरित करने का काम करें। उन्होंने कहा कि वर्तमान में बड़ी संख्या में पॉजिटिव केस सामने आ रहे हैं। संक्रमण की चैन को तोड़ने के लिए जागरूक रहना तथा कोविड प्रोटोकॉल की पालना करना बेहद जरूरी है। जिला प्रशासन की जॉइंट एनफोर्समेंट टीमों द्वारा लगातार सख्ती बरती रहा है। इसके बावजूद आमजन को जागरूक करने के लिए आईईसी की गतिविधियों का भी सतत आयोजन किया जा रहा है। इस श्रृंखला में एनसीसी, एनएसएस, स्काउट गाइड तथा सिविल डिफेंस के प्रतिनिधि भी ‘कोरोना वारियर्स’ के रूप में काम करेंगे और आमजन को प्रेरित करेंगे।

नगर निगम आयुक्त ए.एच. गौरी ने कहा कि एनसीसी कैडेट्स ने पूर्व में कोरोना वारियर्स के रूप में अपनी प्रभावी सेवाएं दी थी। सभी एक बार फिर पूर्ण मनोयोग के साथ जुटें और जन-जन तक कोरोना से बचाव का संदेश पहुंचाने का प्रयास करें।
जागरूकता अभियान समन्वयक राजेंद्र जोशी ने कहा कि जागरूकता अभियान की बदौलत पूर्व में भी कोरोना संक्रमण पर प्रभावी अंकुश पाया गया था। एक बार फिर जागरूकता अभियान को जन-जन का अभियान बनाया जाएगा।

सात राज बटालियन के सूबेदार जी.बी. भाई ने कहा कि सभी कैडेट्स बुधवार से अलग-अलग क्षेत्रों में आमजन को जागरूक करेंगे तथा कोविड प्रोटोकॉल की अवहेलना करने वालों को ‘टोकेंगे’। इस दौरान जिला कलेक्टर ने एनसीसी कैडेट और सिविल डिफेंस के प्रतिनिधियों को बैज लगाए और कैप पहनाई।

तहसीलदार ने बताया कि चार लोगों के खिलाफ पांच-पांच सौ तथा एक के खिलाफ दो सौ रुपये का चालान किया गया। इसी प्रकार पूगल के उपखण्ड अधिकारी महेंद्र सिंह, तहसीलदार अशोक कुमार ने पुलिस अधिकारियों के साथ बाजार क्षेत्र का औचक विजिट किया और एडवाइजरी की अवहेलना करने वालों के खिलाफ चालान काटे गए। खाजूवाला में उपखण्ड अधिकारी प्रभजोत सिंह, तहसीलदार गिरधारी सिंह ने थानाधिकारी के साथ मास्क नहीं लगाने वाले 15 लोगों के विरुद्ध दो-दो सौ रुपये के चालान काटे।

उधर बज्जू में तहसीलदार बाबूलाल ने आमजन को मास्क लगाने की समझाइश की। इसी प्रकार लूणकरणसर में उपखण्ड अधिकारी भागीरथ साख और तहसीलदार शिव प्रसाद गौड़ ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ कस्बे के प्रमुख मार्गों में औचक किया तथा मास्क लगाने तथा सोशल डिस्टेंसिंग रखने की समझाइश की और नियमों की अवहेलना करने वाले 4 लोगों के खिलाफ पांच-पांच सौ रुपये के चालान किए गए।
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