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विनय एक्सप्रेस समाचार, फलोदी। राजस्थान के जोधपुर जिले से करीब सवा सौ किमी दूर फलोदी का सट्टा बाजार अपने सटीक आकलन व भविष्यवाणी के लिए जाना जाता है. राजस्थान विधानसभा चुनाव को लेकर किए गए इसके दावे ने राजनीतिक पार्टियों की चिंता बढ़ा दी है. दरअसल, यहां कांग्रेस पर सबसे ज्यादा 4 रुपए प्रति सीट और बीजेपी पर प्रति सीट के हिसाब से 35 पैसे से लेकर ढाई रुपए तक का भाव लगाया गया है. फलौदी में सट्टे बाजार के इस भाव ने कांग्रेस की नींद उड़ाकर रख दी है.
ऐसा माना जाता है कि फलौदी के सट्टा बाजार में जिस दल का भाव जितना कम होता है उसके जीतने के चांस उतने ही ज्यादा होते हैं. वहीं ज्यादा भाव वाली पार्टी के जितने के आसार काफी कम माने जाते हैं. फिलहाल सट्टा बाजार बीजेपी को 119-122 सीटें दे रहा है. वहीं कांग्रेस को महज 60-68 सीटों पर ही सिमटता हुआ बता रहा है और इसी के हिसाब से यहां सट्टा भी खेला जा रहा है.
अब बात इस सट्टा बाजार के दावे और हकीकत की कर लेते हैं. फलोदी के सट्टा बाजार में मई में कर्नाटक के लिए जो अनुमान लगाया था वो सही निकला. कांग्रेस की सरकार बनी. कांग्रेस को 135 सीटें मिली जबकि अनुमान 137 सीटों का था. बीजेपी को 55 सीटों का अनुमान था और मिलीं 66 सीटें. फलौदी के सटोरिया का गुजरात में भी बीजेपी सरकार का अनुमान सही निकला. हिमाचल में कांटे की टक्कर का अनुमान भी रिजल्ट के करीब ही था. आखिरकार वहां कांग्रेस की सरकार बनी.
साल 2018 के विधानसभा चुनाव में भी फलोदी के सट्टा बाजार ने जो दावा किया था वो काफी हद तक सही निकला. पिछले विधानसभा चुनाव में फलोदी के सट्टा बाजार का दावा था 200 सीटों में से कांग्रेस को 100-120 सीटें मिलेंगी. जब नतीजे आए तो अनुमान के मुताबिक कांग्रेस को 100 सीटें मिलीं. इसी तरह 2013 के विधानसभा चुनाव में सट्टा बाजार का दावा था कि बीजेपी को 117-120 सीटें और कांग्रेस को 60-62 सीटें मिलेंगी. जब नतीजे आए तो दावे से पूर्णतया मैच नहीं हुए लेकिन सरकार बीजेपी की ही बनी. 2013 के विधानसभा चुनावों में बीजेपी को 163 और कांग्रेस को महज 21 सीटें मिली थीं.
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